परिवर्तन कि ओर

परिवर्तन संस्था में आने से पहले मेरे मन में अनेक प्रकार के सवाल थे | एक अजीब किस्म का डर और साथ ही शिक्षा के क्षेत्र में कार्य करने कि चाह भी | जब पता चला कि बिहार राज्य के नरेन्द्रपुर गाँवजिला जिरादेई में स्थित परिवर्तन नामक संस्था में मेरा चयन हुआ है, तो परिवार के सदस्यों एवं दोस्तों ने कई प्रकार के सवाल किये | बहुत सारे लोगों ने सतर्क रहने को कहा और हिदायत दी कि खुद की सुरक्षा से बढ़कर कुछ भी नही | यह सब सवाल कही न कही मुझ पे एक दवाब सा डाल रहे थे, मन में असमंजस पैदा कर रहे थे पर दूसरी तरफ़ा बिना प्रयास किये हार ना मानने कि जिद भी थी | इसी सोच के साथ मैंने अपना सफ़र शुरू किया |

नरेन्द्रपुर गाँव के परिवर्तन परिसर में पहुच कर मन मंत्रमुग्ध सा हो गया | यह जैसे अपने आप में एक अलग ही दुनिया है | 8 एकड़ में फैला, लाल एवं हलके पीले रंग में रंगा विशाल परिसर, जहा हर तरफ हरियाली ही हरियाली नज़र आती है | इसी के साथ हर प्रकार कि सुविधायें उपलब्ध हैं जैसे रंगभूमि, बच्चों के फुटबॉल खेलने के लिए मैदान, पढाई से सम्बंध्दित चीज़ें एवं झूले, साइंस लैब तथा कंप्यूटर लैब | शुरू के कुछ हफ्ते संस्था और उसके विभिन्न शेत्रो में चल रहे कार्यों को समझने तथा यहाँ के लोगों से रूबरू होने में बीते | इस्से संस्था को विस्तार में जानने का मौका मिला |

जैसे- मैजिक बस, बच्चों को खेल एवं अलग-अलग गतिविधियों के माध्यम से शिक्षा, स्वास्थ्य देखभाल और शरीर से जुडी विभिन्न बातों का महत्व और व्यावहारिक ज्ञान देती है | समाज में इस प्रकार कि गतिविधियाँ कराने से लोग प्रोत्साहित होते है जिससे माता-पिता अपने बच्चो को मैजिक बस में नियमित रूप से भेजते है | यह देखा गया है कि मैजिक बस के माध्यम से बच्चे बुरी आदतों से दूर रहते है और साथ ही यह इनके शारीरिक और मानसिक विकास में मदद करता है |

रंग मंडली, विभिन्न बिषयो पर नाटक द्वारा मनोरंजन के साथ-साथ जागरूकता फ़ैलाने का कार्य करती है | रंग-मंडली के सदस्य गाँव के विद्यार्थी है, जो पढाई के साथ-साथ रंग मंच को भी अपना समय देते है | रंग-मंडली द्वारा प्रस्तुत किए किए जाने वाले नाटक न सिर्फ मनोरंजन के लिय होते है बल्कि समाज में विभिन्न मुद्दों के प्रति जागरूकता भी करते है और साथ ही यह स्वयं के विकास में भी मदद करते है |

कृषि, किसानो के लिय खेती-बाड़ी के लिय बीज उपलब्ध करवाती है एवं तकनिकी ज्ञान भी प्रदान करती है | जैसे किस मौसम में कौन सी फसल लगा कर अधिक लाभ कमाया जा सकता है | परिवर्तन में उच्य कोटि की खाद, दवा और बीज के साथ बरसाती प्याज के पौधे भी उचित दाम में उपलब्ध होते है, जिसे किसान प्राप्त कर सकते है और अपना मुनाफा बढ़ा सकते है |

महिला समाख्या, महिलओं का समूह बना कर विभिन्न विषयों जैसे शिक्षा, धरेलू हिंसा, स्वास्थ्य, पंचायती राज, आर्थिक सशक्तिकरण, की जानकारी देती है | यह महिलाएं इन विषयों पर चर्चा करती है और समुदाय कि समस्याओं को खुद हल करती है |

खादी, कई लोगो को रोजगार प्रदान करवाने के साथ-साथ गायब हो रही कला को बचाकर रखती है | इससे खादी बनाने कि प्रक्रिया को पुनः जीवित किया गया है, जिसमें कुल ३० परिवार जुड़े हुए है और अपना रोज़गार प्राप्त कर रहे है |

सृजनी फाउंडेशन, खादी के साथ कपड़ा बनाने की प्रक्रिया में महिलओं को रोजगार देती है और प्रथम फाउंडेशन, युवाओ के लिय कौशल विकास का अवसर प्रदान करती है जिसमे वे न्यूनतम दर पर होटल मैनेजमेंट की ट्रेनिंग लेकर निश्चित रोजगार को प्राप्त कर सकते है | इसमें उनके लिय होस्टल सुविधा भी उपलब्ध है |

हालांकि अभी यहाँ ज्यादा समय नहीं बीता है पर जो कुछ धारणाएँ  मेरी बिहार के प्रति है वो कुछ हद तक जरुर टूटी है | इतनी बेहतरीन शुरूवात के बाद मै यही आशा करती हू कि आगे भी इसी तरह मेहनत से कार्य करने कि हिम्मत मुझे मिलती रहे और जिस मकसद को लेकर मै इतनी दूर आयी हू उसे पूर्ण करके मंजिल तक पहुचने में कामयाब रहूँ  |

 

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